भीमा मंडावी की मौत के मामले में आरोपियों को दंतेवाड़ा से गिरफ्तार किया, इसमें पूर्व सरपंच भी शामिल

रायपुर दंतेवाड़ा के दिवंगत पूर्व विधायक भीमा मंडावी के की हत्या के मामले में बुधवार को एनआईए ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। वहीं, अब गिरफ्तारी को लेकर सियासी गलियारों में जुबानी जंग शुरू हो गई है। आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक का बड़ा बयान सामने आया है। नेता प्रतिपक्ष कौशिक ने मीडिया से बात करते हुए कहा है कि भीमा मंडावी की हत्या साजिश रचकर की गई है। दंतेवाड़ा उपचुनाव से पहले आयोग द्वारा पुलिस को क्लीनचिट दी गई है। उन्होंने आगे कहा है कि एनआइए की जांच से उम्मीद है कि सच सामने आएगा। एनआइए की जांच से ही तीन लोगों की गिरफ्तारी हुई है।

वहीं, कांग्रेस प्रवक्ता शैलेश नितिन त्रिवेदी ने धरमलाल कौशिक के बयान पर पलटवार करते हुए कहा है कि कौशिक को भीमा मामले पर साजिश नजर आ रही है और जीरम कांड पर राजनीति कर रहे हैं। कौशिक सबसे पहले जीरम मामले पर कांग्रेस के सवालों का जवाब दें। जीरम मामले में भाजपा सरकार की आखिर क्या भूमिका थी? जीरम मामले पर पीएम मोदी भी अपना वादा भूल चुके हैं। भाजपा हमेशा न्यायिक परिस्थितियों पर प्रश्न चिन्ह खड़ा करती है।

गौरतलब है कि दंतेवाड़ा से बीजेपी विधायक रहे भीमा मंडावी की मौत के मामले में एनआईए को बड़ी सफलता मिली है। इस मामले में 3 आरोपियों को दंतेवाड़ा से गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों में लक्ष्मण जायसवाल, रमेश कुमार कश्यप और कुमारी लिंगे को गिरफ्तार किया गया है। सभी आरोपियों को दंतेवाड़ा से ही गिरफ्तार किया गया है। इसके बाद तीनों को एनआईए की स्पेशल कोर्ट में पेश किया गया है। एनआईए की स्पेशल कोर्ट ने पूछताछ के लिए रिमांड 7 दिनों की रिमांड दी है।